.

"जय माताजी मारा आ ब्लॉगमां आपणु स्वागत छे मुलाक़ात बदल आपनो आभार "
आ ब्लोगमां चारणी साहित्यने लगती माहिती मळी रहे ते माटे नानकडो प्रयास करेल छे.

WhatsApp Update

.

Notice Board


Sponsored Ads

Sponsored Ads

Sponsored Ads

12 सितंबर 2016

सूर्य वंदना -12-09-16 रचना जोगीदान गढवी(चडीया)

कर कीरण थी कास्यपा, हळवे फेर्यो हाथ
त्यांतो
नवेय खंडो नाथ, जळकी उठेल जोगडा

हे भगवान सुर्य नारायण आप मांथी पृथ्वी छुटी पडेल होई पृथ्वी ए दीकरी छे,आप एना बाप छो , अने आपनो कीरण रुपी कर (हाथ) ज्यां धरती ना माथे फर्यो त्यांतो एना नवेय खंडो जळहळी उठ्या ,दीकरी पर आवुं हेत वरहावनार बाप सुरज नारायण मारां आपने नित्य वंदन छे
🌅🌞☀🙏🏼☀🌞🌅

कोई टिप्पणी नहीं:

Sponsored Ads