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"जय माताजी मारा आ ब्लॉगमां आपणु स्वागत छे मुलाक़ात बदल आपनो आभार "
आ ब्लोगमां चारणी साहित्यने लगती माहिती मळी रहे ते माटे नानकडो प्रयास करेल छे.

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28 जनवरी 2017

पिंगळशी मेघाणंदभाई गढवी रचित काव्य संग्रहो ई-बुक स्वरूपे

साहित्य रसिकोने जणावता आनंद थाय छे के, पिंगळशी मेघाणंदभाई गढवी रचित 7 जेटला अमूल्य अने अप्राप्य काव्य संग्रहना पुस्तको ई-बुक स्वरूपे बनावी टूंक ज समय मां चारण संगठन तथा चारणी साहित्य ब्लॉग पर मुकवामां आवशे

लेखकनुं परिचय

नाम :- पिंगळशी
पितानुं नाम :- मेघाणंदभाई लीला
जन्म :- सवंत 1970 श्रावण सुद-5
ता.27-07-1914
अवशान :- सवंत 2054 जेठ सूद-5
ता.31-05-1998

ई-बुक स्वरूपे मुकवामां आवशे ते काव्यसंग्रहना नाम

(1) आराध (131 जेटली रचनाओ)
(2) हरिनी हाटडीऐ (200 जेटली रचनाओ)
(3) वेणुनाद (100 जेटली रचनाओ)
(4) निजानंद काव्यधारा (80 जेटली रचनाओ)
(5) महर्षि दयानंद जीवन दर्शन
(6) खेडूत बावनी
(7) नर्मदा शतक

```आ अमूल्य अने अप्राप्य काव्य संग्रहो ई-बुक बनाववा माटे मोकलवा बदल श्री लक्ष्मणभाई पिंगळशी गढवी (जामनगर) नुं खूब खूब आभार```

आपनी पासे पण अप्राप्य पुस्तको, रचनाओ, लेखो, अंको, साहित्य वगेरे होय तो आप पण मोकली शको छो आ नंबर 9913051642 पर

आप बधा आपनो किंमती समय काढी सहकार आपो छो ऐ बदल आपनो पण खूब खूब आभार

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